वीर संवत 2550, पौष सूद 9 से पौष वद 1, शुक्रवार, 19 जनवरी से शुक्रवार, 26 जनवरी, 2024
अध्यात्मतीर्थ है सुवर्णपुरी, जहां बरसे ज्ञान धनेरा...
वीर संवत 2550, पौष सूद 9 से पौष वद 1, शुक्रवार, 19 जनवरी से शुक्रवार, 26 जनवरी, 2024
अध्यात्मतीर्थ है सुवर्णपुरी, जहां बरसे ज्ञान धनेरा...
देश-विदेश के लाखों साधर्मियों तक प्रतिष्ठा के कार्यक्रमों का जीवन्त प्रसारण ब्रोडकास्टिंग टीम (Broadcasting Team) के लिए एक स्वप्न समान ही था, परन्तु कार्यकर्ताओं तथा श्रेष्ठतम प्रोफेशनल एजेन्सी की टीम ने इस स्वप्न को साकार कर बताया।
यह अभूतपूर्व आयोजन विश्वभर के लाखों लोगों ने घर बैठे-बैठे लाईव निहारा, जिसे वे कदापि विस्मृत नहीं कर सकेंगे। इन आठ दिनों में 12.6 लाख से अधिक Views के साथ लोगों ने जीवंत प्रसारण के (YouTube Broadcasting) माध्यम से पंचकल्याणक में हुए समस्त तत्त्वज्ञानमय कार्यक्रमों का भरपूर लाभ लिया और वर्तमान में भी ले रहे हैं।
पाँच अलग-अलग संकुलों में विस्तारित, शताधिक कार्यक्रम जैसे कि मण्डपशुद्धि, शान्तिजाप के संकल्प के साथ प्रारम्भ हुआ यह आयोजन भगवान आदिनाथ के गर्भ, जन्म, तप, ज्ञान और मोक्षकल्याणक तक होता हुआ महामस्तकाभिषेक के साथ सम्पन्न हुआ। जिसमें ब्रोडकास्टिंग टीम द्वारा उच्चतम क्वालिटी के 42 cameras, lighting, audio, video, live mixing, editing और advertising का उपयोग करके सम्पूर्ण प्रसंग को यादगार बनाया। निरन्तर कार्यक्रमों को यू-ट्यूब (YouTube) पर ब्रोडकास्ट करने के लिए एक खास प्रोडक्शन कन्ट्रोलरूम अलग से रखा गया था। इस प्रकार यह पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव जैन जगत में सर्वाधिक जीवंत (Live) देखनेवाला एक महोत्सव साबित हुआ।