वीर संवत 2550, पौष सूद 9 से पौष वद 1, शुक्रवार, 19 जनवरी से शुक्रवार, 26 जनवरी, 2024

अध्यात्मतीर्थ है सुवर्णपुरी, जहां बरसे ज्ञान धनेरा...

आवास और यातायात की व्यवस्था

आवास और यातायात की व्यवस्था

सोनगढ़ गाँव की कुल आवादी 6000 से 7000 लोगों की ही है और गाँव में 18000 से 20000 मेहमान साधर्मियों का मेला जमने वाला था। आवास के दृष्टिकोण से यह एक चुनौतीपूर्ण कार्य था। 94 सदस्यों की आवास टीम ने यह चुनौतीपूर्ण कार्य 9 महीनों की मेहनत के साथ सफलता से पूर्ण किया। इस कार्य के लिये एक कस्टम सॉफ्टवेयर तैयार किया गया है, जिसका उपयोग किया गया। रजिस्ट्रेशन डेटा के लिये आवास टीम को IT और डिजिटल टीम की ओर से तथा आवास के लिये सोनगढ़, पालीताणा, भावनगर, सीहोर इत्यादि धर्मशाला और होटल्स की ओर से सहयोग प्राप्त हुआ। इस प्रकार इस विस्तृत टीम के साथ आवास टीम 10000 साधर्मियों के आवास की व्यवस्था कर सकी थी।

यातायात की व्यवस्था के लिये टीम के सदस्यों द्वारा 150 से अधिक बसें, 100 से अधिक गाडिय़ाँ और 50 से अधिक रिक्शों की व्यवस्था की गयी थी। सोनगढ़ के टिकिट फुल हो जाने से अहमदाबाद और बड़ोदरा से बसें चलायी गयीं थीं तथा एअरपोर्ट से भी साधर्मियों को लाने-छोडऩे के लिये व्यवस्था की गयी थी। ट्रस्ट ने अपूर्व-अद्भुत साधर्मीवात्सल्य दर्शाकर सौराष्ट्र और गुजरात के लगभग सभी मन्दिरों में से प्रतिष्ठा में आनेवाले मुमुक्षु भाई-बहिनों के लिये नि:शुल्क बसों की सुन्दर व्यवस्था की थी। इस व्यवस्था द्वारा साधर्मीजन प्रतिष्ठा के एक दिन पूर्व—18-01-2024 को सोनगढ़ पधारे। प्रतिष्ठा के दिनों में भावनगर, पालीताणा, सीहोर इत्यादि स्थानों से साधर्मियों को लाने-छोडऩे के लिये व्यवस्था की गयी थी। प्रतिष्ठा के समापन पश्चात् गुजरात, मध्यप्रदेश, राजस्थान, महाराष्ट्र इत्यादि राज्यों में बसों द्वारा साधर्मियों को नि:शुल्क पहुँचाया गया था।